JyotiSoftJyotiSoftJyotiSoftJyotiSoft
ऐप खोलें

पंचांग

पंचांग — जयपुर, 11 नवंबर 2026

जयपुर के लिए दिन का वैदिक पंचांग: पंचांग के पाँच अंग उनके बदलने के समय के साथ, सूर्योदय और सूर्यास्त, अशुभ और शुभ काल। हर दिन स्थानीय सूर्योदय से दोबारा गणना।

पिछला दिन · अगला दिन · आज

11 नवंबर 2026

अगला पर्व: भाई दूज — 11 नवंबर 2026, आज।

अंगमानकिसके लिए शुभ
तिथिद्वितीया (शुक्ल पक्ष) तक 15:54स्थायी कार्य, निर्माण, आभूषण
नक्षत्रअनुराधा तक 11:38मित्रता, सहयोग, भक्ति
योगअतिगण्ड तक 03:41 (+1)जोखिम; नई शुरुआत के लिए नहीं
करणकौलव तक 15:54मित्रता, मेल-जोल
वारबुधवार अध्ययन, बातचीत, व्यापार

सूर्य और चंद्रमा

सूर्योदय06:43
सूर्यास्त17:38
चंद्रोदय08:36
चंद्रास्त18:49

अशुभ काल

राहुकाल12:10–13:32
यमगंड08:05–09:26
गुलिक काल10:48–12:10

शुभ मुहूर्त

अमृत काल00:14–01:59

अभिजित 11:48–12:32 — मुहूर्त चिंतामणि की परंपरा के अनुसार बुधवार को अनुशंसित नहीं।

चांद्र पंचांग

चांद्र मास (अमांत)कार्तिक
पक्षशुक्ल पक्ष

आज चंद्र राशि के अनुसार

दोपहर में चंद्रमा वृश्चिक में है, ज्येष्ठा नक्षत्र में। वह 11:38 बजे ज्येष्ठा नक्षत्र में आया।

आपकी चंद्र राशिआपकी राशि से आज का चंद्रमाआपके नक्षत्र से तारा बलआज किसके लिए अनुकूल
मेषआठवाँ भाव · कमज़ोरअश्विनी: मित्र ✓ → अतिमित्र ✓
भरणी: वध × → मित्र ✓
कृत्तिका: साधक ✓ → वध ×
शांत दिन: जोखिम भरे फ़ैसले और पैसों के मामले टालें, बारीकियाँ जाँच लें।
वृषभसातवाँ भाव · बलवानकृत्तिका: साधक ✓ → वध ×
रोहिणी: प्रत्यरि × → साधक ✓
मृगशिरा: क्षेम ✓ → प्रत्यरि ×
मुलाक़ातें, साझेदारी और समझौते अच्छे चलते हैं।
मिथुनछठा भाव · बलवानमृगशिरा: क्षेम ✓ → प्रत्यरि ×
आर्द्रा: विपत् × → क्षेम ✓
पुनर्वसु: संपत् ✓ → विपत् ×
अटके काम निपटाने, सेहत की दिनचर्या बनाने और विवाद सुलझाने के लिए अच्छा।
कर्कपाँचवाँ भाव · सामान्यपुनर्वसु: संपत् ✓ → विपत् ×
पुष्य: जन्म ○ → संपत् ✓
आश्लेषा: अतिमित्र ✓ → जन्म ○
पढ़ाई, बच्चे और रचनात्मक काम; जोखिम भरे दाँव से दूर रहें।
सिंहचौथा भाव · कमज़ोरमघा: मित्र ✓ → अतिमित्र ✓
पूर्वा फाल्गुनी: वध × → मित्र ✓
उत्तरा फाल्गुनी: साधक ✓ → वध ×
घर और मन की शांति पर ध्यान दें: घर का दिन है, बड़े काम शुरू करने का नहीं।
कन्यातीसरा भाव · बलवानउत्तरा फाल्गुनी: साधक ✓ → वध ×
हस्त: प्रत्यरि × → साधक ✓
चित्रा: क्षेम ✓ → प्रत्यरि ×
भाग-दौड़, फ़ोन, छोटी यात्राओं और छोटी शुरुआतों के लिए ऊर्जा।
तुलादूसरा भाव · सामान्यचित्रा: क्षेम ✓ → प्रत्यरि ×
स्वाती: विपत् × → क्षेम ✓
विशाखा: संपत् ✓ → विपत् ×
परिवार, भोजन और पैसों की बातें। नरमी से बोलें, और आज उधार देने से बचें।
वृश्चिकपहला भाव · बलवानविशाखा: संपत् ✓ → विपत् ×
अनुराधा: जन्म ○ → संपत् ✓
ज्येष्ठा: अतिमित्र ✓ → जन्म ○
चंद्रमा आपकी अपनी राशि पर है: मन भावुक रहेगा। निजी काम, आराम और शरीर की देखभाल के लिए अच्छा दिन।
धनुबारहवाँ भाव · कमज़ोरमूल: मित्र ✓ → अतिमित्र ✓
पूर्वाषाढा: वध × → मित्र ✓
उत्तराषाढा: साधक ✓ → वध ×
आराम, एकांत और काम पूरे करना; ख़र्च और नींद का ध्यान रखें।
मकरग्यारहवाँ भाव · बलवानउत्तराषाढा: साधक ✓ → वध ×
श्रवण: प्रत्यरि × → साधक ✓
धनिष्ठा: क्षेम ✓ → प्रत्यरि ×
लाभ, मित्र और अनुरोध: जो चाहिए, माँग लीजिए।
कुंभदसवाँ भाव · बलवानधनिष्ठा: क्षेम ✓ → प्रत्यरि ×
शतभिषा: विपत् × → क्षेम ✓
पूर्वा भाद्रपद: संपत् ✓ → विपत् ×
काम और सार्वजनिक ज़िम्मेदारियाँ: अपना किया हुआ काम दिखाने का दिन।
मीननौवाँ भाव · सामान्यपूर्वा भाद्रपद: संपत् ✓ → विपत् ×
उत्तरा भाद्रपद: जन्म ○ → संपत् ✓
रेवती: अतिमित्र ✓ → जन्म ○
गुरु, प्रार्थना, अध्ययन और लंबी यात्राओं की योजना।

चंद्र बल आज के चंद्रमा को आपकी जन्म राशि से गिनता है: पहले, तीसरे, छठे, सातवें, दसवें और ग्यारहवें भाव में बलवान, चौथे, आठवें और बारहवें में कमज़ोर। तारा बल आज के नक्षत्र को आपके जन्म नक्षत्र से नौ-नौ करके गिनता है: ✓ शुभ, ○ आपका अपना तारा (मिश्रित), × महत्वपूर्ण शुरुआत के लिए नहीं। यह आपकी चंद्र राशि वाले सभी लोगों के लिए सामान्य फल है; अधिक निर्णय आपकी कुंडली और चल रही दशा करती है।

जयपुर के लिए समय कैसे पढ़ें

इस पृष्ठ के सभी समय जयपुर के स्थानीय समय में हैं। अगर तिथि या नक्षत्र दिन में बदलता है, तो बदलने के क्षण से नया मान लागू होता है, इसलिए सुबह और शाम के मान अलग हो सकते हैं। किसी दूसरे शहर की यात्रा हो तो गंतव्य का पंचांग देखें।

पंचांग के पाँच अंग, राहुकाल, अभिजित और अमृत काल का अर्थ मुख्य पंचांग पृष्ठ पर समझाया गया है। अपने सटीक स्थान और जन्म चंद्रमा के अनुसार व्यक्तिगत आकलन के लिए मिनी ऐप में जयपुर या अपना स्थान चुनें।

सवाल-जवाब

जयपुर का पंचांग कब अपडेट होता है?
हर दिन: मान जयपुर के स्थानीय समय में आज की तारीख के लिए निकाले जाते हैं।
यहाँ सूर्योदय मौसम पूर्वानुमान से अलग क्यों है?
JyotiSoft सूर्योदय सूर्य बिंब के केंद्र से, बिना वायुमंडलीय अपवर्तन के गिनता है; मौसम सेवाएँ और कई पंचांग ऊपरी किनारा और अपवर्तन लेते हैं। इसलिए सूर्योदय में कुछ मिनट का अंतर हो सकता है, और राहुकाल व दूसरे काल भी उसी के साथ खिसकते हैं।
जयपुर में आज राहुकाल कब है?
राहुकाल हर दिन बदलता है: यह जयपुर के स्थानीय सूर्योदय से सूर्यास्त तक के दिनमान का आठवाँ भाग है, और कौन-सा भाग होगा, यह सप्ताह के दिन से तय होता है। आज का समय ऊपर की तालिका में है; यमगंड और गुलिक काल भी उसी तरह गिने जाते हैं।
क्या जयपुर का पंचांग पास के शहर के लिए भी सही है?
पास के शहरों में समय कुछ मिनट अलग हो सकता है; अंतर देशांतर, अक्षांश, ऋतु और समय-क्षेत्र पर निर्भर करता है। अपने स्थान के सटीक पंचांग के लिए मिनी ऐप में स्थान चुनें।

यह भी देखें

स्थितियाँ और तालिकाएँ: निरयण राशिचक्र, लाहिरी अयनांश — जैसा पेशेवर ज्योतिषी उपयोग करते हैं; वही गणना जिससे JyotiSoft कुंडली बनाता है।

अपनी कुंडली के साथ आगे क्या करें

मुफ़्त

कुंडली कैलकुलेटर

लग्न, राशियों और भावों में ग्रह, नक्षत्र और दशाएँ — एक मिनट में, बिना पंजीकरण।

अपनी कुंडली बनाएँ — मुफ़्त

PDF · तुरंत भुगतान

संपूर्ण जन्म कुंडली

आपकी पूरी कुंडली 60–100 पन्नों के एक दस्तावेज़ में — पढ़ें, दोबारा पढ़ें, अपनों को दिखाएँ।

  • व्यक्तित्व, कार्यक्षेत्र, रिश्ते, स्वास्थ्य, वित्त
  • वर्तमान और आगामी दशाओं का एक वैदिक विश्लेषण
  • यदि आप चाहें तो एक ऑडियो संस्करण

1499 ⭐

खरीदें

फ़ॉर्म के तुरंत बाद Telegram Stars से भुगतान करें; PDF चैट में आएगा।

मुफ़्त

Telegram में JyotiSoft बॉट

  • अपनी कुंडली पर प्रश्न: काम, रिश्ते, स्थान-परिवर्तन
  • आपका दिन: क्या सहायक है और किससे बचें
  • दशाएँ: अभी क्या चल रहा है और आगे क्या है
  • किसी प्रियजन के साथ अनुकूलता

सशुल्क उत्तर 22 ⭐ से

Telegram बॉट खोलें

⭐ यानी Telegram Stars: इनसे Telegram के भीतर ही भुगतान होता है, और कीमत भुगतान से पहले दिखती है।